उज्जैन। म.प्र.पर्यटन विकास निगम द्वारा स्वीकृत धार्मिक एवं पुरातात्विक विकास के लिये कराये जा रहे निर्माण कार्यों की श्रृंखला में भारत सरकार द्वारा स्वीकृत राशि से उज्जैन मेगा सर्किट के अन्तर्गत शनि मन्दिर त्रिवेणी पर विकास कार्यों का भूमि पूजन म.प्र.उच्च न्यायालय जबलपुर के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधिपति न्यायमूर्ति के.के.लाहोटी के मुख्य आतिथ्य में सम्पन्न हुए। भूमि पूजन कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए श्री लाहोटी ने कहा कि त्रिवेणी शनि मन्दिर संगम प्राकृतिक छटा की अद्भुत मिसाल है। शनि मन्दिर की स्थापना राजा विक्रमादित्य ने की थी, जो उनकी महान् सोच थी। शनिदेव सर्वत्र न्याय करते हैं। और उसे पूरा करना ही अपने आप में न्याय है, जो सही है। आपने कहा कि सबके प्रति न्याय करें, तभी देश आगे बढ़ेगा। आपने कहा कि न्याय देवता के मन्दिर परिसर में होने वाले विकास कार्यों को न्याय से किया जाये। किसी के साथ भी अन्याय न हो। आपने कहा कि पुनीत स्थल पर सपरिवार दर्शन करने से आज का दिन अपने जीवन में सदैव याद रहेगा।इस अवसर पर मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय खण्डपीठ इन्दौर पोर्ट फोलियो जज जिला उज्जैन के न्यायमूर्ति एन.के.मोदी ने कहा कि एक वर्ष पूर्व शनि मन्दिर परिसर में एक करोड़ रूपये से निर्माण कार्यों के लिये राशि स्वीकृत हुई थी। इस अवसर पर डॉ.मोहन यादव ने वादा किया था कि उनके द्वारा भी विकास कार्य में सहभागिता की जायेगी और आज म.प्र.पर्यटन विकास निगम के द्वारा दो करोड़ 25 लाख रूपये से विभिन्न प्रकार के विकास कार्य करवाये जायेंगे। आपने कहा कि डॉ.यादव ने अपना वादा पूरा किया है। आपने कहा कि स्वीकृत कार्यो को अतितीव्र गति से पूरे करवाये जायें। इस कार्य में और राशि की जरूरत पड़े तो राज्य सभा सदस्य थावरचन्द गेहलोत की सांसद निधि से स्वीकृत कराया जायेराज्य सभा सदस्य श्री थावरचन्द गेहलोत ने इस अवसर पर कहा कि हमारी संस्कृति के अनुसार धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण ऐतिहासिक देवस्थलों में म.प्र.पर्यटन विकास निगम के द्वारा विकास कार्य करवाये जा रहे हैं, जो प्रशंसनीय है। आपने कहा कि निगम के द्वारा देवस्थानों के साथ-साथ पर्यटक स्थलों में भी विकास कार्य होने से धर्मप्रेमी एवं पर्यटक लोगों को लाभ मिलेगा। आपने अवगत कराया कि उत्तराखण्ड की त्रासदी को देखते हुए सुझाव दिया कि नदी के किनारे कार्य योजना बनाकर ही कार्य करवाये जायें।कार्यक्रम के प्रारम्भ में म.प्र.पर्यटन विकास निगम के अध्यक्ष डॉ.मोहन यादव ने अवगत कराया कि शनि मन्दिर परिसर में दो करोड़ 25 लाख रूपये की लागत से विभिन्न कार्य कराये जायेंगे। आपने कहा कि राजा विक्रमादित्य के द्वारा शनि मन्दिर की स्थापना की गई थी। मेगा सर्किट तीर्थाटन पर श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए पर्यटन विकास निगम की ओर से उज्जैन जिले के साथ-साथ प्रदेश के अन्य जिलों में विकास के कार्य कराये जा रहे हैं। शनि मन्दिर पर होने वाले विकास कार्यों को मास्टर प्लान के अनुसार किया जायेगा। कार्यक्रम के पूर्व अतिथियों ने भगवान शनिदेव के मन्दिर में विधिवत् पूजन-अर्चन करने के पश्चात् भूमि पूजन कर शिलान्यास किया। कार्यक्रम के प्रारम्भ में पर्यटन विकास निगम के अध्यक्ष डॉ.मोहन यादव ने उपस्थित सभी अतिथियों का पुष्पमालाओं से स्वागत किया तत्पश्चात् संभागायुक्त अरूण पाण्डेय, कलेक्टर बी.एम.शर्मा, राज्य सभा सदस्य थावरचन्द गेहलोत, जिला एवं सत्र न्यायाधीश जे.पी.गुप्ता, उज्जैन विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष किशोर खंडेलवाल, म.प्र.पर्यटन विकास निगम के रिजनल मैनेजर जमाली, श्याम बंसल, स्टेट बार काउंसिल के प्रताप मेहता, बार अध्यक्ष मस्तानसिंह छाबड़ा, जिला पंचायत उपाध्यक्ष रामसिंह जादौन आदि ने न्यायमूर्तिद्वय का पुष्पमालाओं से स्वागत किया।इस अवसर पर जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री रामसिंह जादौन, उज्जैन विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष किशोर खंडेलवाल, श्याम बंसल, संभागायुक्त अरूण पाण्डेय, कलेक्टर बी.एम.शर्मा, पुलिस अधीक्षक अनुराग, जिला एवं सत्र न्यायाधीश जे.पी.गुप्ता, अन्य न्यायाधीशगण, पूर्व बार अध्यक्ष द्वारकाधीश चौधरी, अभिभाषकगण आदि उपस्थित थे। पौधारोपण किया कार्यक्रम के पश्चात् कोठी के पीछे निर्माणाधीन न्यायालय भवन परिसर में म.प्र.उच्च न्यायालय जबलपुर के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधिपति न्यायमूर्ति के.के.लाहोटी एवं म.प्र.उच्च न्यायालय खण्डपीठ इन्दौर पोर्ट फोलियो जज जिला उज्जैन के न्यायमूर्ति एन.के.मोदी ने वृक्षारोपण कार्यक्रम के अन्तर्गत पौधारोपण किया। इस अवसर पर संभागायुक्त अरूण पाण्डेय, पुलिस महानिरीक्षक वी.मधुकुमार, कलेक्टर बी.एम.शर्मा, जिला एवं सत्र न्यायाधीश जे.पी.गुप्ता, पुलिस अधीक्षक अनुराग आदि ने भी पौधारोपण किया। मुख्य वन संरक्षक जे.के.मोहन्ती, वन मण्डलाधिकारी श्रीमती पद्मप्रिया बालकृष्ण, न्यायाधीशगण, अभिभाषकगण आदि उपस्थित थे। न्यायमूर्तिद्वय ने निर्माणाधीन न्यायालय भवन का निरीक्षण किया व सम्बन्धितों से कहा कि निर्माण कार्य में जो पैसा खर्च हो रहा है वह हम सबका है, इसलिये पैसे का सही इस्तेमाल हो, यह हम सबकी जिम्मेदारी है। अच्छा कार्य हो इसके लिये निर्माण कार्य पर सबकी निगरानी हो, यह सुनिश्चित करें।शनि मन्दिर त्रिवेणी पर विकास कार्यों का भूमि सम्पन्न
उज्जैन। म.प्र.पर्यटन विकास निगम द्वारा स्वीकृत धार्मिक एवं पुरातात्विक विकास के लिये कराये जा रहे निर्माण कार्यों की श्रृंखला में भारत सरकार द्वारा स्वीकृत राशि से उज्जैन मेगा सर्किट के अन्तर्गत शनि मन्दिर त्रिवेणी पर विकास कार्यों का भूमि पूजन म.प्र.उच्च न्यायालय जबलपुर के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधिपति न्यायमूर्ति के.के.लाहोटी के मुख्य आतिथ्य में सम्पन्न हुए। भूमि पूजन कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए श्री लाहोटी ने कहा कि त्रिवेणी शनि मन्दिर संगम प्राकृतिक छटा की अद्भुत मिसाल है। शनि मन्दिर की स्थापना राजा विक्रमादित्य ने की थी, जो उनकी महान् सोच थी। शनिदेव सर्वत्र न्याय करते हैं। और उसे पूरा करना ही अपने आप में न्याय है, जो सही है। आपने कहा कि सबके प्रति न्याय करें, तभी देश आगे बढ़ेगा। आपने कहा कि न्याय देवता के मन्दिर परिसर में होने वाले विकास कार्यों को न्याय से किया जाये। किसी के साथ भी अन्याय न हो। आपने कहा कि पुनीत स्थल पर सपरिवार दर्शन करने से आज का दिन अपने जीवन में सदैव याद रहेगा।इस अवसर पर मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय खण्डपीठ इन्दौर पोर्ट फोलियो जज जिला उज्जैन के न्यायमूर्ति एन.के.मोदी ने कहा कि एक वर्ष पूर्व शनि मन्दिर परिसर में एक करोड़ रूपये से निर्माण कार्यों के लिये राशि स्वीकृत हुई थी। इस अवसर पर डॉ.मोहन यादव ने वादा किया था कि उनके द्वारा भी विकास कार्य में सहभागिता की जायेगी और आज म.प्र.पर्यटन विकास निगम के द्वारा दो करोड़ 25 लाख रूपये से विभिन्न प्रकार के विकास कार्य करवाये जायेंगे। आपने कहा कि डॉ.यादव ने अपना वादा पूरा किया है। आपने कहा कि स्वीकृत कार्यो को अतितीव्र गति से पूरे करवाये जायें। इस कार्य में और राशि की जरूरत पड़े तो राज्य सभा सदस्य थावरचन्द गेहलोत की सांसद निधि से स्वीकृत कराया जायेराज्य सभा सदस्य श्री थावरचन्द गेहलोत ने इस अवसर पर कहा कि हमारी संस्कृति के अनुसार धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण ऐतिहासिक देवस्थलों में म.प्र.पर्यटन विकास निगम के द्वारा विकास कार्य करवाये जा रहे हैं, जो प्रशंसनीय है। आपने कहा कि निगम के द्वारा देवस्थानों के साथ-साथ पर्यटक स्थलों में भी विकास कार्य होने से धर्मप्रेमी एवं पर्यटक लोगों को लाभ मिलेगा। आपने अवगत कराया कि उत्तराखण्ड की त्रासदी को देखते हुए सुझाव दिया कि नदी के किनारे कार्य योजना बनाकर ही कार्य करवाये जायें।कार्यक्रम के प्रारम्भ में म.प्र.पर्यटन विकास निगम के अध्यक्ष डॉ.मोहन यादव ने अवगत कराया कि शनि मन्दिर परिसर में दो करोड़ 25 लाख रूपये की लागत से विभिन्न कार्य कराये जायेंगे। आपने कहा कि राजा विक्रमादित्य के द्वारा शनि मन्दिर की स्थापना की गई थी। मेगा सर्किट तीर्थाटन पर श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए पर्यटन विकास निगम की ओर से उज्जैन जिले के साथ-साथ प्रदेश के अन्य जिलों में विकास के कार्य कराये जा रहे हैं। शनि मन्दिर पर होने वाले विकास कार्यों को मास्टर प्लान के अनुसार किया जायेगा। कार्यक्रम के पूर्व अतिथियों ने भगवान शनिदेव के मन्दिर में विधिवत् पूजन-अर्चन करने के पश्चात् भूमि पूजन कर शिलान्यास किया। कार्यक्रम के प्रारम्भ में पर्यटन विकास निगम के अध्यक्ष डॉ.मोहन यादव ने उपस्थित सभी अतिथियों का पुष्पमालाओं से स्वागत किया तत्पश्चात् संभागायुक्त अरूण पाण्डेय, कलेक्टर बी.एम.शर्मा, राज्य सभा सदस्य थावरचन्द गेहलोत, जिला एवं सत्र न्यायाधीश जे.पी.गुप्ता, उज्जैन विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष किशोर खंडेलवाल, म.प्र.पर्यटन विकास निगम के रिजनल मैनेजर जमाली, श्याम बंसल, स्टेट बार काउंसिल के प्रताप मेहता, बार अध्यक्ष मस्तानसिंह छाबड़ा, जिला पंचायत उपाध्यक्ष रामसिंह जादौन आदि ने न्यायमूर्तिद्वय का पुष्पमालाओं से स्वागत किया।इस अवसर पर जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री रामसिंह जादौन, उज्जैन विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष किशोर खंडेलवाल, श्याम बंसल, संभागायुक्त अरूण पाण्डेय, कलेक्टर बी.एम.शर्मा, पुलिस अधीक्षक अनुराग, जिला एवं सत्र न्यायाधीश जे.पी.गुप्ता, अन्य न्यायाधीशगण, पूर्व बार अध्यक्ष द्वारकाधीश चौधरी, अभिभाषकगण आदि उपस्थित थे। पौधारोपण किया कार्यक्रम के पश्चात् कोठी के पीछे निर्माणाधीन न्यायालय भवन परिसर में म.प्र.उच्च न्यायालय जबलपुर के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधिपति न्यायमूर्ति के.के.लाहोटी एवं म.प्र.उच्च न्यायालय खण्डपीठ इन्दौर पोर्ट फोलियो जज जिला उज्जैन के न्यायमूर्ति एन.के.मोदी ने वृक्षारोपण कार्यक्रम के अन्तर्गत पौधारोपण किया। इस अवसर पर संभागायुक्त अरूण पाण्डेय, पुलिस महानिरीक्षक वी.मधुकुमार, कलेक्टर बी.एम.शर्मा, जिला एवं सत्र न्यायाधीश जे.पी.गुप्ता, पुलिस अधीक्षक अनुराग आदि ने भी पौधारोपण किया। मुख्य वन संरक्षक जे.के.मोहन्ती, वन मण्डलाधिकारी श्रीमती पद्मप्रिया बालकृष्ण, न्यायाधीशगण, अभिभाषकगण आदि उपस्थित थे। न्यायमूर्तिद्वय ने निर्माणाधीन न्यायालय भवन का निरीक्षण किया व सम्बन्धितों से कहा कि निर्माण कार्य में जो पैसा खर्च हो रहा है वह हम सबका है, इसलिये पैसे का सही इस्तेमाल हो, यह हम सबकी जिम्मेदारी है। अच्छा कार्य हो इसके लिये निर्माण कार्य पर सबकी निगरानी हो, यह सुनिश्चित करें।
Subscribe to:
Post Comments (Atom)

No comments:
Post a Comment